
📢 Board Exam 2026 में यह Chapter जरूर आएगा!
निराला की कविता से 8-10 नंबर के प्रश्न आते हैं। उत्साह और अट नहीं रही है — दोनों का भावार्थ याद करो! 🎯
सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’
उत्साह और अट नहीं रही है — भावार्थ • अलंकार • MCQ • Board Exam 2026
✍️ कवि परिचय — सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’
महत्वपूर्ण बातें:
- निराला छायावाद के चार प्रमुख कवियों में से एक हैं।
- छायावाद के चार कवि — प्रसाद, पंत, निराला, महादेवी वर्मा।
- निराला को “मुक्त छंद का जनक” कहा जाता है।
- इनकी कविता में प्रकृति चित्रण, विद्रोह और मानवता का भाव है।
- प्रमुख रचनाएं — अनामिका, परिमल, गीतिका, तुलसीदास।
📜 पहली कविता — उत्साह
कठिन शब्दों के अर्थ:
| शब्द | अर्थ |
|---|---|
| धाराधर | बादल, वर्षा धारण करने वाला |
| ललित | सुंदर, कोमल |
| घुँघराले | घुंघराले बाल जैसे |
| विद्युत्-छबि | बिजली की चमक |
| वज्र | बिजली का हथियार |
| नूतन | नई, नयी |
| विकल | व्याकुल, बेचैन |
| उन्मन | उदास, बेमन |
| निदाघ | भीषण गर्मी |
| तप्त धरा | गर्मी से जली हुई धरती |
| घन | बादल |
उत्साह कविता का भावार्थ:
कवि बादल को संबोधित करते हुए कहता है — “हे बादल! गरजो!” बादल के काले घुँघराले बाल बच्चों की कल्पना जैसे लगते हैं। बादल के हृदय में बिजली की चमक है।
कवि बादल से कहता है — “नई कविता फिर भर दो।” संसार के लोग गर्मी से व्याकुल और उदास हैं। अज्ञात दिशा से बादल आए हैं। तपी हुई धरती को जल से शीतल कर दो।
📜 दूसरी कविता — अट नहीं रही है
कठिन शब्दों के अर्थ:
| शब्द | अर्थ |
|---|---|
| अट नहीं रही | समा नहीं रही, इतनी ज्यादा है कि समाती नहीं |
| आभा | चमक, सुंदरता |
| फागुन | वसंत ऋतु का महीना |
| नभ | आकाश |
| पर-पर | पंख फैलाना |
| मंद-गंध | हल्की-हल्की खुशबू |
| पुष्प-माल | फूलों की माला |
| पाट-पाट | हर जगह |
| शोभा-श्री | सुंदरता और शोभा |
| पट नहीं रही | भरी नहीं जा रही, समा नहीं रही |
अट नहीं रही है — भावार्थ:
कवि फागुन की सुंदरता का वर्णन करता है। फागुन की सुंदरता इतनी अधिक है कि कहीं समा नहीं रही।
कवि फागुन को संबोधित करते हुए कहता है — “तुम जहाँ साँस लेते हो, घर-घर भर देते हो। आकाश में उड़ने को पंख फड़फड़ाते हो।”
पत्तों से लदी डालें कहीं हरी कहीं लाल हैं। हृदय में फूलों की माला है। हर जगह सुंदरता समाई है — पट नहीं रही।
⚖️ दोनों कविताओं की तुलना
| आधार | उत्साह | अट नहीं रही है |
|---|---|---|
| विषय | बादल — क्रांति का प्रतीक | फागुन — प्रकृति की सुंदरता |
| ऋतु | वर्षा ऋतु | वसंत ऋतु (फागुन) |
| भाव | उत्साह और विद्रोह | सौंदर्य और आनंद |
| रस | वीर रस | श्रृंगार रस |
| मुख्य प्रतीक | बादल | फागुन |
✨ काव्य विशेषताएं
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| भाषा | खड़ीबोली — सरल और प्रभावशाली |
| छंद | मुक्त छंद |
| रस | उत्साह = वीर | अट = श्रृंगार |
| अलंकार | अनुप्रास, मानवीकरण, पुनरुक्ति |
| युग | छायावाद |
🌸 महत्वपूर्ण अलंकार
| पंक्ति | अलंकार | कारण |
|---|---|---|
| घेर घेर घोर गगन | अनुप्रास | ‘घ’ वर्ण की आवृत्ति |
| विकल विकल, उन्मन थे उन्मन | पुनरुक्ति | शब्द दोहराए गए |
| बादल, गरजो! | मानवीकरण | बादल को मानव की तरह बोला |
| कहीं साँस लेते हो | मानवीकरण | फागुन को मानव की तरह |
| पाट-पाट शोभा-श्री | पुनरुक्ति | पाट-पाट दोहराया |
📝 Board Exam 2026 — महत्वपूर्ण Q&A
📝 2 अंक के प्रश्न
📝 5 अंक के प्रश्न
कवि कहता है — “हे बादल! गरजो!” बादल के काले घुँघराले बाल बच्चों की कल्पना जैसे लगते हैं। बादल के हृदय में बिजली की चमक है।
कवि बादल से नई कविता भरने को कहता है। संसार के लोग गर्मी से व्याकुल हैं। अज्ञात दिशा से बादल आए हैं।
अंत में कवि कहता है — “तप्त धरा को जल से शीतल कर दो।”
इस प्रकार बादल क्रांति और नई कविता दोनों का प्रतीक है।
1. फागुन की सुंदरता इतनी है कि कहीं समा नहीं रही।
2. फागुन जहाँ साँस लेता है — घर-घर भर देता है।
3. आकाश में उड़ने को पंख फड़फड़ाता है।
4. पत्तों से लदी डालें कहीं हरी कहीं लाल हैं।
5. हर जगह फूलों की माला और हल्की खुशबू है।
6. हर जगह शोभा और सुंदरता — पट नहीं रही।
🎯 MCQ — Board Exam 2026
Q1. निराला किस युग के कवि हैं?
- (a) भक्तिकाल
- (b) छायावाद युग ✅ सही उत्तर
- (c) रीतिकाल
- (d) आधुनिक काल
Q2. उत्साह कविता में बादल किसका प्रतीक है?
- (a) केवल वर्षा का
- (b) क्रांति और नई कविता का ✅ सही उत्तर
- (c) केवल गर्मी का
- (d) केवल शीतलता का
Q3. “घेर घेर घोर गगन” में कौन सा अलंकार है?
- (a) उपमा
- (b) रूपक
- (c) अनुप्रास ✅ सही उत्तर
- (d) यमक
Q4. “अट नहीं रही है” कविता किस ऋतु पर है?
- (a) वर्षा ऋतु
- (b) शीत ऋतु
- (c) वसंत ऋतु ✅ सही उत्तर
- (d) ग्रीष्म ऋतु
Q5. निराला को क्या कहा जाता है?
- (a) वात्सल्य रस के सम्राट
- (b) मुक्त छंद के जनक ✅ सही उत्तर
- (c) भक्तिकाल के कवि
- (d) हिंदी साहित्य के सूर्य
Q6. “फागुन” का क्या अर्थ है?
- (a) वर्षा का महीना
- (b) वसंत का महीना ✅ सही उत्तर
- (c) गर्मी का महीना
- (d) सर्दी का महीना
🎯 Board Exam 2026 — यह जरूर याद करें!
- निराला जन्म = 1896 ई. | बंगाल
- छायावाद के 4 कवि = प्रसाद, पंत, निराला, महादेवी
- निराला = मुक्त छंद के जनक
- उत्साह = बादल → क्रांति + नई कविता का प्रतीक
- अट नहीं रही = फागुन की सुंदरता समा नहीं रही
- घेर घेर घोर गगन = अनुप्रास अलंकार
- बादल गरजो = मानवीकरण अलंकार
- इस Chapter से 8-10 नंबर के प्रश्न आते हैं
हमने कई different subject chapter के नोट्स create कर चुके है। जिनका लिंक नीचे दिए गए हैं जाकर पढ़ सकते हो।
CLASS 10 हिंदी CHAPTER 1: Read Now
CLASS 10 हिंदी CHAPTER 2:Read Now
CLASS 10 हिंदी CHAPTER 3:Read Now